प्रभु राम ने किया रावण का वध, जयकारों से गूंज उठा मौधा

प्रभु राम ने किया रावण का वध, जयकारों से गूंज उठा मौधा

रानू पाण्डेय 

खानपुर। मौधा श्री राम जानकी हिंदू एकता मित्र मंडल द्वारा रामलीला कार्यक्रम में रावण वध का प्रसंग मंचित किया। मुख्य अतिथि नितेश सिंह भोनू ने कार्यक्रम की शुरुआत की। रामलीला में जैसे ही श्रीराम के तीर से रावण का वध हुआ, पूरा पंडाल जय श्रीराम के उद्घोष से गूंज उठा। रामलीला मंचन के प्रारंभ में रावण के दरबार में अंगद दूत के रूप में आते हैं और सीता को सम्मान सहित श्रीराम के पास पहुंचाने का अनुरोध करते है। रावण के न मानने पर अंगद उसे चुनौती देते है। मंचन में रावण-कुंभकरण संवाद भी रहा। लंका के सैनिक सोए हुए कुंभकरण को जगाने का प्रयास करते हैं, लेकिन कई प्रयासों के बावजूद कोई फायदा नहीं होता। अंत में पकवानों की खुशबू से कुंभकरण जाग उठता है। रावण उसे युद्ध के लिए तैयार रहने का निर्देश देता है। मंचन के दौरान लक्ष्मण जैसे ही मूर्छित हुए वानर सेना ने सूचना भगवान राम को दी। इस पर राम विलाप करने लगे। हनुमान जी द्वारा संजीवनी लाकर लक्ष्मण की जान बचाने व राम द्वारा दशानन के वध के मंचन से रामलीला का समापन किया गया। मौजूद जनसमुदाय ने राम जानकी के ऊपर फूलों की वर्षा की। रामलीला के व्यवस्थापक राजा सिंह द्वारा दर्शकों का स्वागत किया गया। इस मौके पर प्रमोद यादव, श्रीराम खरवार, आशीष मधेशिया,इंद्रेश,पवन,नीरज,अमित,आदर्श,शुभम रहे। समिति के संचालक गायक राजकुमार सिंह ने सभी का आभार व्यक्त किया।