सर्वाइकल कैंसर के मरीजों की शीघ्र पहचान - एम्स गोरखपुर के सहयोग से स्वास्थ्य विभाग प्रत्येक ब्लॉक के तीन-तीन महिला चिकित्सा अधिकारियों को दक्षता प्रदान कराएगा
गोरखपुर। जिले में सर्वाइकल कैंसर (गर्भाशय ग्रीवा कैंसर) के मरीजों की शीघ्र पहचान और इलाज की पहल तेज हो गई है। इसके तहत पांच ब्लॉकों की महिला चिकित्सा अधिकारियों के पहले बैच को एम्स गोरखपुर की मदद से दक्ष बना दिया गया है। एम्स गोरखपुर के सहयोग से स्वास्थ्य विभाग प्रत्येक ब्लॉक के तीन-तीन महिला चिकित्सा अधिकारियों को दक्षता प्रदान कराएगा और फिर ये चिकित्सा अधिकारी अलग अलग बैच में अपने ब्लॉक के सभी सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों (सीएचओ) को दक्ष बनाएंगी। इस तरह इन ब्लॉकों और इनके सभी आयुष्मान आरोग्य मंदिरों पर सर्वाइकल कैंसर के विजुअल इंस्पेक्शन यूजिंग एसिटिक एसिड (वीआईए) स्क्रीनिंग की सुविधा शुरू हो जाएगी। एम्स गोरखपुर के स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग की अध्यक्ष डॉ शिखा सेठ और मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ राजेश झा ने प्रथम बैच के प्रशिक्षण के समापन अवसर पर चिकित्सा अधिकारियों को सम्बोधित किया। सीएमओ डॉ झा ने बताया कि एम्स गोरखपुर की कार्यकारी निदेशक मेजर जनरल डॉ विभा दत्ता के विशेष सहयोग से सर्वाइकल कैंसर से बचाव की बड़ी मुहिम शुरू होने जा रही है। इसी के तहत सहजनवां, पिपराइच, चौरीचौरा, बांसगांव और कैम्पियरगंज की महिला चिकित्सा अधिकारियों को वीआईए स्क्रीनिंग को लेकर दक्ष बनाया गया है। इन सभी चिकित्सा अधिकारियों से एम्स गोरखपुर के विशेषज्ञों की निगरानी में वीआईए जांच कराई गई। इन्हीं ब्लॉकों से प्रति ब्लॉक दो-दो अन्य महिला चिकित्सा अधिकारियों को भी दो अलग-अलग बैच में हैंडहोल्डिंग प्रशिक्षण दिलवाया जाएगा। सीएमओ डॉ झा ने बताया कि इन पांच ब्लॉक की तीन-तीन दक्ष महिला चिकित्सा अधिकारी अलग-अलग बैच में उस ब्लॉक के सभी सीएचओ को वीआईए स्क्रीनिंग में दक्ष बनाएंगी। अपनी निगरानी में प्रत्येक सीएचओ से कम से कम पांच महिलाओं की स्क्रीनिंग भी कराएंगी। इस तरह इन ब्लॉक के सभी आयुष्मान आरोग्य मंदिरों पर सर्वाइकल कैंसर के लिए वीआईए स्क्रीनिंग हो सकेगी। इन स्क्रिनिंग से जो संभावित मरीज मिलेंगी उन्हें चिकित्सक के परामर्श के अनुसार उच्च केन्द्रों पर संदर्भित कर इलाज कराया जाएगा। शीघ्र स्क्रीनिंग और पहचान से प्राथमिक अवस्था में ही सर्वाइकल कैंसर का इलाज हो सकेगा। सीएमओ ने बताया कि जिले में पिंक कार्ड अभियान के पहले चरण में एम्स गोरखपुर ने सर्वाइकल कैंसर के संभावित मरीजों की पहचान की थी। इसे देखते हुए पूरे जिले में अभियान का दूसरा चरण शुरू होने जा रहा है। इस चरण में इन पांच ब्लॉकों में सर्वाइकल कैंसर की स्क्रीनिंग पर विशेष जोर होगा।




