दिन ढलते ही थम जाते हैं बसों के पहिए

दिन ढलते ही थम जाते हैं बसों के पहिए


रानू पाण्डेय 
खानपुर। जिउली देवमार्ग रोड सिधौना से मेहनाजपुर सड़क पर रोडवेज बस चलती हैं। वहीं, दिन ढलते ही र्व जिउली देवमार्ग पर रोडवेज बसों के पहिए थम जाते हैं। रात में बसें नहीं मिलतीं।
इससे करीब 35 गांव के लोगों को आवागमन में दिक्कत होती है। शिकायत के बाद भी समस्या जस की तस बनी है। ऐसे में लोगों को सफर के लिए प्राइवेट वाहन के साथ ऑटो-रिक्शा व ई-रिक्शा का सहारा लेना पड़ता है। स्थानीय लोगों ने रात आठ बजे तक जिउली देवमार्ग पर बसें चलाने की मांग की है। रोडवेज बस वाराणसी से मौधा के बीच दिन में निकलती है। पर सूरज ढलते ही  रोडवेज स्टेशन पर बसें नहीं मिलती है। इससे लोगों में मायूसी है। ऐसे में यहां से बिहारीगंज,घोघवा,भभौरा,ददरा,दिनौरा, करमपुर,ददरा,अमेंदा,अनौनी,पोखरा,शिवदासपुर भुजहुआ आदि 35 गांवों आदि क्षेत्रों के लिए कोई रोडवेज बसें नहीं चलती।आनंद विक्रम सिंह, आदित्य विक्रम सिंह, शिखर पाण्डेय, पवन पाण्डेय, मोनू शर्मा, विपुल चौबे आदि का कहना है कि परिवहन अधिकारी बस को  इन रूटों पर देर रात तक बसें चलाएं।